album cover
Vahem
295
Rap
Vahem was released on August 27, 2019 by Big Bang Records Pvt. Ltd. as a part of the album Vahem - Single
album cover
Release DateAugust 27, 2019
LabelBig Bang Records Pvt. Ltd.
LanguageHindi
Melodicness
Acousticness
Valence
Danceability
Energy
BPM65

Credits

PERFORMING ARTISTS
Naezy
Naezy
Performer
Naved Shaikh
Naved Shaikh
Rap
COMPOSITION & LYRICS
Naved Shaikh
Naved Shaikh
Songwriter
PRODUCTION & ENGINEERING
Byg Byrd
Byg Byrd
Producer

Lyrics

BYG BYRD on the beat!
सारे लगे जाने क्यूँ पीछे?
मेरा यह ख़्याल मुझे खींचे
सारे यह सवाल मुझे पूछे
मिलता है क्या संगीत से?
मेरे दिल को सुकून
मेरी रूह को चैन
मैं जब ढलता इसमें
मेरे भरते नैन
मेरी सासें थमती है, यह धड़कन and
हूँ मैं नकली व्यक्ति, है यह तेरा वहम
कब तक रहा वहम में
अब तो जाग जा!
कब तक सर्द रहिंगा
जलती आग क्या?
मेरे में तो जलती
अंदर है मोम मेरी बत्ती पिघलती
भेजे की नी चलती
मस्का है दिल बोले feelings फिसलती
Trip थोड़ी भलती
किसकी है ग़लती
नाराज़गी कब तक ये?
अब तुम बता दो
चाह कर भी खुश ना रहूँ
क्यूँ मैं सज़ा लूँ?
आसाँ नहीं क्यूँ है ये!
बता वज़ह तू
उम्मीद में बढ़ रहे
मैं जागूँ, भागूँ
कल की जो बीती बात है सभी की दिल पे लगी थी
बातों को वो भुला दिया
कड़वी-कसैली, गंदी-घिनौनी
बेहद फ़िज़ूल सारी यादों को मैं भुला दिया
दुश्मनों को सुला दिया
चलती का नाम लिया
गाड़ी नही ली, भलते का काम किया
भटकी नहीं मैंने सब कुछ संभाल लिया
कुछ दिन की भाग-दौड़ फिर कुछ दिन आराम किया
कब तक रहा वहम में
अब तो जाग जा!
कब तक सर्द रहिंगा
जलती आग क्या?
मेरे में तो जलती
अंदर है मोम मेरी बत्ती पिघलती
भेजे की नी चलती
मस्का है दिल बोले feelings फिसलती
Trip थोड़ी भलती
किसकी है ग़लती
नाराज़गी कब तक ये?
अब तुम बता दो
चाह कर भी खुश ना रहूँ
क्यूँ मैं सज़ा लूँ?
आसाँ नहीं क्यूँ है ये!
बता वज़ह तू
उम्मीद में बढ़ रहे
मैं जागूँ, भागूँ
बराबर, बराबर
सारी बातें ठीक हैं माना
बराबर, बराबर
ज़िंदगी ना मिलेगी दोबारा
बराबर, बराबर
मेरी जान तू है इक सितारा
बराबर, बराबर
चल मेरे संग, तेरे संग ज़माना
कब तक रहा वहम में
अब तो जाग जा!
कब तक सर्द रहिंगा
जलती आग क्या?
मेरे में तो जलती
अंदर है मोम मेरी बत्ती पिघलती
भेजे की नी चलती
मस्का है दिल बोले feelings फिसलती
Trip थोड़ी भलती
किसकी है ग़लती
नाराज़गी कब तक ये?
अब तुम बता दो
चाह कर भी खुश ना रहूँ
क्यूँ मैं सज़ा लूँ?
आसाँ नहीं क्यूँ है ये!
बता वज़ह तू
उम्मीद में बढ़ रहे
मैं जागूँ, भागूँ
मेरा भी तो feeling है
पहले भी संभाला यह ज़माने कभी ना माना
मुझे बोला मैं दीवाना
हर जगह से ठोकर मिले यह कर कभी वो कर
बोले दो पल में तुम राजा फिर दो पल में तुम joker बने
बार-बार रोके मुझे, टोके मुझे, मौके कितने छूटे मेरे, सपने कितने टूटे मेरे
बार-बार लोग मुझे बोलने लगे हार मान चूर-चूर ख़्वाब मेरे
रातें जागे बाँध भागे बातें चार
Written by: Naved Shaikh
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