album cover
Sulthan
29,719
Bollywood
Sulthan was released on April 14, 2022 by MRT Music as a part of the album K G F - 2 (Original Motion Picture Soundtrack) - EP
album cover
Release DateApril 14, 2022
LabelMRT Music
LanguageHindi
Melodicness
Acousticness
Valence
Danceability
Energy
BPM62

Credits

PERFORMING ARTISTS
Brijesh Shandilya
Brijesh Shandilya
Vocals
Mohan Krishna
Mohan Krishna
Vocals
Suchetha Basrur
Suchetha Basrur
Vocals
Ravi Basrur
Ravi Basrur
Performer
Priyanka Bharali
Priyanka Bharali
Vocals
Sachin Basrur
Sachin Basrur
Vocals
Santhosh Venky
Santhosh Venky
Vocals
Puneeth Rudranag
Puneeth Rudranag
Vocals
Manish Dinakar
Manish Dinakar
Vocals
Laxman Datta Naik
Laxman Datta Naik
Vocals
Sandesh Datta Naik
Sandesh Datta Naik
Vocals
Saaj Bhatt
Saaj Bhatt
Vocals
COMPOSITION & LYRICS
Ravi Basrur
Ravi Basrur
Composer
Shabbir Ahmad
Shabbir Ahmad
Lyrics

Lyrics

[Verse 1]
राना राना राना राना धीरा
रण काल खड़ा राणा धीरा
राना राना राना राना धीरा
चौरांग जीत लिया वीरा
राना राना राना राना धीरा
रखचारियों को रख चीरा
राना राना राना राना धीरा
मिट्टी ने उगला एक हीरा
[Verse 2]
पत्थर के घर्षण से
आग उगले अंगार बरसना
रण भेरी नाद बिजली के भांति
गूँजे है गरजना
क्रोध जो निकले है धक धक से
इसके कदम से खतम हुआ
निर्भय होकर भय को बांधा
मालिक ही भगवान हुआ
[Verse 3]
देखो देखो देखो
अंगार है सुल्तान
देखो देखो देखो
ललकार है सुल्तान
देखो देखो देखो
अंगार है सुल्तान
देखो देखो देखो
ललकार है सुल्तान
[Verse 4]
काली कालिक काल राक्षस को
खींच खींच धर लाए
यम किंकर कुल्ल दुष्टन को
चुनके चुनके लटकाए
काट धाड़ नरसिंह भीतर से
चंद मुंड कुंडलिका निर्माण
पिंड चंद उच्चंद भर भर के
खंड असुर भोगे है परिणाम
[Verse 5]
फाड़ के भीड़ गरज दिया
उतरा ये अटूट कसौटी
ललकार के युद्ध जीत लिया
लो पूरा किया है चुनौती
क्रोध जो निकले है धक धक से
इसके कदम से खतम हुआ
निर्भय होकर भय को बांधा
मालिक ही भगवान हुआ
[Verse 6]
(jai jai jai)
(jai jai jai)
[Verse 7]
राना राना राना राना धीरा
रण काल खड़ा राणा धीरा
राना राना राना राना धीरा
चौरांग जीत लिया वीरा
राना राना राना राना धीरा
रखचारियों को रख चीरा
राना राना राना राना धीरा
मिट्टी ने उगला एक हीरा
[Verse 8]
पत्थर के घर्षण से
आग उगले अंगार बरसना
रण भेरी नाद बिजली के भांति
गूँजे है गरजना
क्रोध जो निकले है धक धक से
इसके कदम से खतम हुआ
निर्भय होकर भय को बांधा
मालिक ही भगवान हुआ
[Verse 9]
देखो देखो देखो
अंगार है सुल्तान
देखो देखो देखो
ललकार है सुल्तान
देखो देखो देखो
अंगार है सुल्तान
देखो देखो देखो
ललकार है सुल्तान
Written by: Ravi Basrur, Shabbir Ahmed
instagramSharePathic_arrow_out􀆄 copy􀐅􀋲

Loading...