album cover
Shehzada
9
On Tour
Indian
Shehzada was released on January 1, 1999 by Magnasound as a part of the album Mausam
album cover
AlbumMausam
Release DateJanuary 1, 1999
LabelMagnasound
LanguageHindi
Melodicness
Acousticness
Valence
Danceability
Energy
BPM

Credits

PERFORMING ARTISTS
Sonu Nigam
Sonu Nigam
Performer
COMPOSITION & LYRICS
Ajay Jhingran
Ajay Jhingran
Lyrics
Ravi Pawar
Ravi Pawar
Composer

Lyrics

शुबी रुबी रुब रुबा
शुबी रुबी रुब रुबा
शुबी रुबी रुब रुबा
शुबी रुबी रुब रुबा
शुबी रुबी रुब रुबा
शुबी रुबी रुब रुबा
शुबी रुबी रुब रुबा
शुबी रुबी रुब रुबा
मेरे यारों आ गया मैं लेकर दिल की बात
खुशियों के क़ाफ़िले में तुम हो मेरे साथ
प्यार का मैं हूँ परवाना, कहो वन, टू, थ्री
मस्ती का मैं मस्ताना, कहो वन, टू, थ्री
हर दिल में चाहत भर दूँगा
पत्थर को शबनम कर दूँगा
है मेरा तुमसे ये वादा
मैं हूँ शहज़ादा
हे मेरे यारों आ गया मैं लेकर दिल की बात
खुशियों के क़ाफ़िले में तुम हो मेरे साथ
शुबी रुबी रुब रुबा
शुबी रुबी रुब रुबा
शुबी रुबी रुब रुबा
शुबी रुबी रुब रुबा
शुबी रुबी रुब रुबा
शुबी रुबी रुब रुबा
शुबी रुबी रुब रुबा
शुबी रुबी रुब रुबा
ज़िंदगी गुलिस्तान में हो जैसे परी
या कोई दास्तान है ये जादू भरी
पल पल में रंग हो
ख़्वाबों से जंग हो
ऐसी उमंग हो
हमको प्यार ही लेना है, कहो यू लव मी
प्यार ही हमको देना है, कहो यू लव मी
हम आज को कल पे छोड़ेंगे
और कल को आज मनाएंगे
है मेरा तुमसे ये वादा
मैं हूँ शहज़ादा
ये मेरे यारों आ गया मैं लेकर दिल की बात
खुशियों के क़ाफ़िले में तुम हो मेरे साथ
शुबी रुबी रुब रुबा
शुबी रुबी रुब रुबा
शुबी रुबी रुब रुबा
शुबी रुबी रुब रुबा
शुबी रुबी रुब रुबा
शुबी रुबी रुब रुबा
शुबी रुबी रुब रुबा
शुबी रुबी रुब रुबा
आशिकी है वही जिस में है दीवानगी
आसमान भी झुके ऐसी परवंगी
चाहत वो चीज़ है
हर दिल अज़ीज़ है
जो चाहे जीत ले
आओ इसको बाँटें हम, कहो वन, टू, थ्री
चुन ले ग़म के काँटे, कहो वन, टू, थ्री
इस जैसी को जगह नहीं
इस शाम की कोई सुबह नहीं
है मेरा तुमसे ये वादा
मैं हूँ शहज़ादा
मेरे यारों आ गया मैं लेकर दिल की बात
खुशियों के क़ाफ़िले में तुम हो मेरे साथ
प्यार का मैं हूँ परवाना, कहो वन, टू, थ्री
मस्ती का मैं मस्ताना, कहो वन, टू, थ्री
हर दिल में चाहत भर दूँगा
पत्थर को शबनम कर दूँगा
है मेरा तुमसे ये वादा
मैं हूँ शहज़ादा
शुबी रुबी रुब रुबा…
Written by: Ajay Jhingran, Ravi Pawar
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