album cover
Rang Rang De
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Rang Rang De adlı parça {albumName} albümünün bir parçası olarak T-Series tarafından 1 Ekim 2014 tarihinde yayınlandıJigariyaa (Original Motion Picture Soundtrack)
BPM127
Melodiklik
Akustiklik
Valence
Dans Edilebilirlik
Enerji

Şarkı sözleri

छोड़ी जग की सारी लाज
प्रीत की भांग चखी
हो, प्रीत की भांग चखी
स-र-र-र-र-र-र, पिचकारी चाले
धुम-धड़ाक, धम-ढोल बाजे
छुम-छना, छुम-छना, घूँघरू बोले
खनक-खनक, खन कंगना डोले
सा-र-र-र-र-र-र, छुम छा-न-न-न
खनक-खनक-खन, खनक-खनक-खन
धम-धड़ाक-धड़ाक-धा
धम-धड़ाक-धड़ाक-धा
धम-धड़ाक-धड़ाक-धा
हो, आज ब्रज में है होरी, रसिया
इत्ते आए हैं कुंवर कन्हैया
हो, आज ब्रज में है होरी, रसिया
इत्ते आए हैं कुंवर कन्हैया
नाचे हैं दोनो रे, दोनो मगन
राधा को अपनाने आए किशन
हो, रंग-रंग दे, रंग-रंग दे, रंग-रंग दे रंग
हो, रंग-रंग दे, रंग-रंग दे, रंग-रंग दे रंग
हो, तेरी भंग के नशे में आज, रंग-रसिया
भीगी चुनरी मोरी, भीगी मोरी अंगिया
हो-हो, आयो रे, फागुन आयो रे
मोरे कान्हा जो आयो पलट के
अबकी होरी मैं खेलूंगी डट के
हो, मोरे कान्हा जो आयो पलट के
अबकी होरी मैं खेलूंगी डट के
हो, रंग-रंग दे, रंग-रंग दे, रंग-रंग दे रंग
हो, रंग-रंग दे, रंग-रंग दे, रंग-रंग दे रंग
रंग-रंग दे, रंग-रंग दे, रंग-रंग दे रंग
रंग-रंग दे, रंग-रंग दे, रंग-रंग दे रंग
बंसी की धूँ पे टोलियां जम गईं
अपने प्रीतम से गोपियों की ठन गई, हाए
बंसी की धूँ पे टोलियां जम गईं
अपने प्रीतम से गोपियों की ठन गई, हाए
हो, अंग की बरखा में ऐसो रंग डाला
सांवरी सी राधा, सांवरे लाला
हो, रंग-रंग दे, रंग-रंग दे, रंग-रंग दे रंग
हो, रंग-रंग दे, रंग-रंग दे, रंग-रंग दे रंग
हो, तेरी भंग के नशे में आज, रंग-रसिया
भीगी चुनरी मोरी, भीगी मोरी अंगिया
हो-हो, आयो रे, फागुन आयो रे
मोरे कान्हा जो आयो पलट के
अबकी होरी मैं खेलूंगी डट के
हो, मोरे कान्हा जो आयो पलट के
अबकी होरी मैं खेलूंगी डट के
Pa-sa-ni-sa, pa-ni-dha-ni, pa-dha-pa-ma-ga-ma-pa
Pa-sa-ni-sa, pa-dha-pa-ma-ga-ma-pa
Pa-sa-ni-sa, pa-ni-dha-ni, pa-dha-pa-ma-ga-ma-pa
Pa-sa-ni-sa, pa-dha-pa-ma-ga-ma-pa
रंग-रंग, रंग-रंग बरसे
रंग-रंग, रंग-रंग बरसे, बरसे
हो, रंग बरसे
होरी के रंग में गोरिया रंग गईं
हो, राधा रानी कान्हा जी में रम गई
हो, होरी के रंग में गोरी जो रंग गई
राधा भी कान्हा में रम गयी
भर-भर पिचकारी वो करे खिलवारी
जाने ना दूंगा तोहे इस पारी
हो, रंग-रंग दे, रंग-रंग दे, रंग-रंग दे रंग
हो, रंग-रंग दे, रंग-रंग दे, रंग-रंग दे रंग
हटो रे, हट्ट ने, पिया, मोहे जीत लिया
भीगी चुनरी मोरी, भीगी मोरी अंगिया
हो-हो, आयो रे, फागुन आयो रे
मोरे कान्हा जो आयो पलट के
अबकी होरी मैं खेलूंगी डट के
हो, मोरे कान्हा जो आयो पलट के
अबकी होरी मैं खेलूंगी डट के
हो, आज ब्रज में है होरी, रसिया
इत्ते आए हैं कुंवर कन्हैया
उत्ते आई राधा ले सखियां
आज ब्रज में है होरी, रसिया
रंग, रंग, रंग, रंग, बरसे
रंग, रंग, रंग, रंग, बरसे
रंग, रंग, रंग, रंग, बरसे
रंग, रंग, रंग, रंग, बरसे (हो, रंग बरसे)
रंग, रंग, रंग, रंग, बरसे
रंग, रंग, रंग, रंग, बरसे
रंग, रंग, रंग, रंग, बरसे (भूली जग की सारी लाज)
रंग, रंग, रंग, रंग, बरसे
रंग, रंग, रंग, रंग, बरसे
रंग, रंग, रंग, रंग, बरसे
रंग, रंग, रंग, रंग, बरसे (प्रीत की भांग चखी)
रंग, रंग, रंग, रंग, बरसे
रंग, रंग, रंग, रंग, बरसे
रंग, रंग, रंग, रंग, बरसे (प्रीत की भांग चखी)
रंग, रंग, रंग, रंग, बरसे
रंग, रंग, रंग, रंग, बरसे
Written by: Agnel Roman, Arun Kumar, Faizan Hussain
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